ADVERTISMENT
  • Written By: Admin
  • Published: May 15, 2026 05:09 PM IST
उत्तराखंड

चारधाम यात्रा के दौरान हृदय गति रूकने व अन्यों कारणों से 45 श्रद्धालु गंवा चुके अपनी जान

देहरादून। उत्तराखण्ड में चारधाम यात्रा पूरे चरम पर है। बीते 14 मई की शाम तक 13,32,434 श्रद्धालु चारों धाम के दर्शन कर चुके हैं। साथ ही दुखद पहलू यह भी है कि
 उत्तराखंड चारधाम की यात्रा शुरू होने के बाद से 14 मई की शाम तक 45 श्रद्धालुओं की हृदय गति रुकने समेत अन्य कारणों से मौत हो चुकी है। चारधाम यात्रा मार्गों पर लगातार बढ़ रहे श्रद्धालुओं के मौतों के आंकड़े ने राज्य सरकार की चिंताओं को बढ़ा दिया। जबकि, चारधाम की यात्रा शुरू होने से पहले स्वास्थ्य विभाग की ओर से तमाम इंतजार किए जाने के दावे किए गए थे।
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार बीती 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट खुले थे, जिसके बाद से लेकर 14 मई तक यानी इन 23 दिनों के भीतर 24 श्रद्धालुओं की मौत हो चुकी है। आंकड़ों पर गौर करें तो रोजाना करीब एक श्रद्धालु की मौत हो रही है। इसके साथ ही बदरीनाथ धाम में 8 श्रद्धालुओं, गंगोत्री धाम में 7 श्रद्धालुओं के साथ ही यमुनोत्री धाम में 6 श्रद्धालुओं की अब तक मौत हो चुकी है। इस मामले में स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल ने आगे कहा कि चारधाम यात्रा को लेकर विभाग की ओर से एडवाइजरी भी जारी की गई है। जिसके तहत अगर कोई श्रद्धालु, हार्ट पेशेंट, हाइपरटेंशन का मरीज या फिर शुगर का मरीज है, तो उसे स्वास्थ्य परीक्षण कराने के बाद ही यात्रा पर आना चाहिए। साथ ही कहा कि यात्रा में पहलवानी दिखाने की जरूरत नहीं है।

ADVERTISMENT

Today’s ePaper

Read today’s ePaper
ADVERTISMENT
ADVERTISMENT
×