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  • Written By: Admin
  • Published: November 20, 2025 01:01 PM IST
  • Updated: November 20, 2025 01:01 PM IST
उत्तराखंड

“सोशल मीडिया मंथन में सीएम धामी का बड़ा संबोधन— डिजिटल युग में जागरूकता पर जोर”

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर्स और इन्फ्लुएंसर्स से अपील की है कि वे अपने कंटेंट में उत्तराखंड के पर्यटन स्थलों, स्थानीय उत्पादों, सांस्कृतिक धरोहरों और सामाजिक उपलब्धियों को अधिक प्रमुखता दें। उन्होंने कहा कि सकारात्मक कंटेंट के माध्यम से फेक न्यूज और नकारात्मक नैरेटिव्स का प्रभावी जवाब दिया जा सकता है।

मुख्यमंत्री धामी बुधवार को मुख्य सेवक सदन में आयोजित “सोशल मीडिया मंथन” कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आज सोशल मीडिया सूचना आदान–प्रदान का सबसे तेज और प्रभावी माध्यम बन चुका है, जिसने आम नागरिक की आवाज को वैश्विक मंच प्रदान किया है। बड़ी से बड़ी घटनाओं से लेकर ग्रामीण समस्याएँ भी अब कुछ ही सेकंड में दुनिया तक पहुँच जाती हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया को बनाया शासन का सशक्त माध्यम

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2014 से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स को शासन व्यवस्था का अभिन्न हिस्सा बनाया।  फेसबुक, ‘मन की बात’, माईगॉव और पीएमओ के डिजिटल माध्यमों ने संवाद, पारदर्शिता और नागरिकों की भागीदारी को नई दिशा दी है। उन्होंने कहा कि यही मॉडल उत्तराखंड में “डिजिटल गवर्नेंस” को आगे बढ़ा रहा है।

उन्होंने बताया कि आज शिकायत दर्ज करने के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते, एक ट्वीट या संदेश से ही समाधान मिलने लगा है। कई बार एक सोशल मीडिया पोस्ट ने बच्चों की जान बचाई, बुजुर्गों की पेंशन बहाल करवाई, सड़कें सुधारीं और आपदा में फंसे लोगों की मदद की।

फेक न्यूज और नकारात्मक कंटेंट चुनौती: सीएम ने दी तथ्य जांच की सीख

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सोशल मीडिया का दुरुपयोग भी तेजी से बढ़ा है। फेक न्यूज, अफवाहें और नकारात्मक नैरेटिव समाज में भ्रम और अस्थिरता फैलाने का साधन बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि धर्म-विरोधी और राष्ट्र-विरोधी मानसिकता के लोग फर्जी प्रचार से सांस्कृतिक विरासत को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं।

सीएम ने ज़ोर देकर कहा कि ऐसी गलत सूचनाओं की तुरंत फैक्ट-चेक कर सही जानकारी जनता तक पहुँचाना सोशल मीडिया वॉरियर्स की जिम्मेदारी है।

नकारात्मक कंटेंट क्रिएटर्स पर भी साधा निशाना

उन्होंने कहा कि कुछ लोग व्यूज और फॉलोअर्स की दौड़ में सरकार, समाज और धर्म से जुड़े तथ्यों को तोड़–मरोड़कर प्रस्तुत करते हैं। उन्होंने चेताया कि “प्रसिद्धि की होड़ में नैतिक जिम्मेदारी को नहीं भूलना चाहिए।”

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उत्तराखंड में अराजक तत्वों पर सख्ती के बाद कुछ “अर्बन नक्सल मानसिकता” के लोग सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट बनाकर भ्रामक नैरेटिव फैला रहे हैं।

‘ब्रांड उत्तराखंड’ को बढ़ावा देने की अपील

उन्होंने कंटेंट क्रिएटर्स और इन्फ्लुएंसर्स से आग्रह किया कि वे:

  • उत्तराखंड के पर्यटन स्थलों

  • स्थानीय उत्पादों

  • सांस्कृतिक विरासत

  • सरकारी उपलब्धियों

को अपने कंटेंट में जगह दें, जिससे “ब्रांड उत्तराखंड” वैश्विक स्तर पर और मजबूत हो सके।

कार्यक्रम में महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी समेत विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

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