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  • Written By: Admin
  • Published: March 29, 2026 08:58 PM IST
  • Updated: March 29, 2026 08:59 PM IST
उत्तराखंड

6 अप्रैल को डीएफओ तराई पूर्वी कार्यालय पर किसान महासभा का धरना प्रदर्शन

29 मार्च को बागजाला में आयोजित बैठक में अखिल भारतीय किसान महासभा ने गांव के विकास कार्यों पर वन विभाग द्वारा लगाई गई रोक के खिलाफ आंदोलन का ऐलान किया। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 6 अप्रैल को हल्द्वानी स्थित डीएफओ तराई पूर्वी कार्यालय के सामने धरना प्रदर्शन किया जाएगा।

महासभा की अध्यक्ष डॉ. उर्मिला रैस्वाल ने कहा कि वन विभाग की बाधाओं के कारण बागजाला गांव आज भी बुनियादी सुविधाओं के लिए जूझ रहा है। जल जीवन मिशन, सड़क मरम्मत, नए निर्माण कार्य और नहरों की मरम्मत जैसी योजनाएं लंबे समय से अटकी हुई हैं, जिससे ग्रामीणों को पानी, सड़क, सिंचाई और आवास जैसी आवश्यक सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।

भाकपा माले नैनीताल के जिला सचिव डॉ. कैलाश पाण्डेय ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि विकास योजनाओं को रोकना जनविरोधी है। उन्होंने मांग की कि पेयजल योजनाएं तत्काल शुरू हों, सड़कों और नहरों का कार्य शीघ्र पूरा किया जाए और वन विभाग की अनावश्यक बाधाएं हटाई जाएं। साथ ही गांव में स्ट्रीट लाइट और सोलर लाइट लगाने के वादे को भी पूरा करने की मांग की गई।

वक्ताओं ने बताया कि 24 नवंबर 2025 को जिला प्रशासन की मध्यस्थता में हुए समझौते के बावजूद वन विभाग द्वारा विकास कार्यों में रोड़े अटकाए जा रहे हैं, जो समझौते का उल्लंघन है। इससे ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

बैठक में यह भी तय किया गया कि यदि 6 अप्रैल के धरना प्रदर्शन के बाद भी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू किया जाएगा। धरना को सफल बनाने के लिए व्यापक जनसंपर्क अभियान और पर्चा वितरण किया जाएगा। बैठक में क्षेत्र के कई सामाजिक कार्यकर्ता और ग्रामीण उपस्थित रहे।

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