ADVERTISMENT
  • Written By: Admin
  • Published: March 27, 2026 04:42 PM IST
  • Updated: March 27, 2026 04:44 PM IST
उत्तराखंड

सारंगी की मधुर तानों से मंत्रमुग्ध हुआ उत्तराखंड: स्पिक मैके के मंच पर उस्ताद कमाल साबरी की यादगार प्रस्तुतियां

स्पिक मैके उत्तराखण्ड चैप्टर द्वारा अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त सारंगी वादक उस्ताद कमाल साबरी की शास्त्रीय संगीत प्रस्तुतियों का शानदार आयोजन किया गया। एसआरएफ (SRF) फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित इस श्रृंखला के तहत दून पुस्तकालय, देव संस्कृति विश्वविद्यालय (हरिद्वार), इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी और डॉल्फिन पीजी इंस्टीट्यूट जैसे प्रमुख संस्थानों में कार्यक्रम हुए। मुरादाबाद घराने की सातवीं पीढ़ी के प्रतिनिधि उस्ताद कमाल साबरी ने प्रख्यात तबला वादक रजनीश मिश्रा की संगत में राग शुद्ध सारंग और राग श्याम कल्याण की भावपूर्ण प्रस्तुतियां देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।

कार्यक्रम का विशेष आकर्षण उस्ताद साबरी द्वारा अपने पिता और गुरु, महान उस्ताद साबरी ख़ान को समर्पित रचना रही, जिसने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया। संगीत को एक ध्यानमय अनुभव बनाते हुए उन्होंने छात्रों को आँखें बंद कर अंतर्मन से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। उस्ताद कमाल साबरी ने न केवल संगीत सुनाया, बल्कि विद्यार्थियों से संवाद कर रागों की बारीकियों और उनके आध्यात्मिक पक्ष को भी बेहद सरल भाषा में समझाया।

बता दें कि स्पिक मैके के इन आयोजनों का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को भारत की समृद्ध शास्त्रीय संगीत परंपरा से रूबरू कराना है। उस्ताद कमाल साबरी अपनी अनूठी वादन शैली और सारंगी में नवाचार के लिए वैश्विक स्तर पर पहचाने जाते हैं। इन सत्रों के माध्यम से युवाओं में पारंपरिक कला के प्रति समझ और सम्मान विकसित करने का प्रयास किया गया, जिसमें छात्रों और संगीत प्रेमियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

ADVERTISMENT

Today’s ePaper

Read today’s ePaper
ADVERTISMENT
ADVERTISMENT
×